“महिलाओं में ब्रेस्ट कैंसर बढ़ने के 6 मुख्य कारण” breast cancer in women
भारत में महिलाओं के कैंसर सबसे ज्यादा ब्रेस्ट कैंसर को माना जाता है एक साल में 1.5 लाख से ज्यादा महिलाओं के ब्रेस्ट कैंसर का ऑपरेशन किया जाता है।। महिलाओं में ब्रेस्ट कैंसर 30+ उम्र से ज्यादा अत्यधिक देखने को मिलता है
ब्रेस्ट कैंसर होने के लिए कोई निश्चित उम्र नहीं होती। भारत में 20 से 30 उम्र के बीच वाली महिलाओं में ब्रेस्ट कैंसर कम देखने को मिलता है लेकिन 30 से 60 उम्र वाली महिलाओं में ब्रेस्ट कैंसर अधिक देखने को मिलता है और इसी उम्र में ऑपरेशन कराने का जोखिम थोड़ा बढ़ जाता है सही समय पर ऑपरेशन कराना चाहिए।
ब्रेस्ट में थोड़ा दर्द होना आम माना जाता है अक्सर यह हार्मोन चेंज होने से थोड़ा दर्द महसूस और बेचैनी हो सकती है इससे कोई असामान्य बात नहीं होती। लेकिन काफी समय से ब्रेस्ट में दर्द हो रहा हो तो डॉक्टर से जरूर मिले।
ब्रेस्ट कैंसर सिर्फ महिलाओं में नहीं पुरुषों में भी होता है लेकिन पुरुषों में मात्र 1% केसेस देखने को मिलते हैं ब्रेस्ट कैंसर कोई आम कैंसर नहीं होता। इस ऑपरेशन को करने में डॉक्टर को सावधानी बरतनी पड़ती है
महिलाओं में ब्रेस्ट कैंसर कैसे होते हैं और ब्रेस्ट कैंसर बढ़ने के क्या-क्या कारण होते हैं
अगर महिला हो या पुरुष, इनके शरीर के किसी भी हिस्से में जब कोशिकाओं के DNA में बदलाव होता है, तो कुछ कोशिकाएँ असामान्य रूप से बढ़ने लगती हैं। शरीर का इम्यून सिस्टम और DNA repair तंत्र इन्हें ठीक या खत्म करने की कोशिश करता है। और खत्म भी कर देता है लेकिन अगर ये असामान्य कोशिकाएँ तेजी से बढ़ने लगें और शरीर उन्हें नियंत्रित न कर पाए, तो यह किसी बीमारी, जैसे कैंसर, का संकेत हो सकता है।
इसी तरह ब्रेस्ट कैंसर में भी, जब ब्रेस्ट की कोशिकाओं के DNA में बदलाव होता है और शरीर का इम्यून सिस्टम व DNA repair तंत्र उन्हें नियंत्रित या ठीक नहीं कर पाता, तब ये कोशिकाएँ बढ़ने लगती हैं और कैंसर का रूप ले सकती हैं।
जब कोशिकाएं धीरे-धीरे बढ़ने लगती है वह गांठ बन जाती है जिसको कैंसर बोला जाता है
यदि ब्रेस्ट कैंसर बन चुका है तो कुछ कारण उसको बढ़ा सकते हैं
- प्रेग्नेंसी :- अगर किसी महिला को ब्रेस्ट कैंसर है तो प्रेगनेंसी कैंसर को बढ़ा सकता है क्योंकि प्रेगनेंसी के समय शरीर में प्रोजेस्टेरोन और एस्ट्रोजन हार्मोन बहुत ज्यादा बढ़ जाते हैं यह दोनों हार्मोन कैंसर सेल्स को तेजी से सक्रिय कर सकते हैं जिससे ब्रेस्ट कैंसर बढ़ सकता है अधिक उम्र में प्रेगनेंसी होना और हानि दे सकता है
- एक्सरसाइज :- जिस महिला को ब्रेस्ट कैंसर है अगर वह महिला एक्सरसाइज नहीं करती है तो उसके शरीर में मेटाबॉलिज्म धीमा रहता है और हार्मोन असंतुलित हो जाते हैं जिसकी वजह से कैंसर का खतरा बढ़ सकता है। रोज – आना एक्सरसाइज करने से शरीर का इम्यूनिटी सिस्टम बेहतरीन रहता है
- ड्रिंक :- शराब पीने से भी कहीं ज्यादा नुकसान होता है जैसे:- अधिक शराब पीने से शरीर में एस्ट्रोजन बढ़ सकता है जो कैंसर को हानि पहुंचाता है।। शराब में मौजूद एथेनॉल शरीर में कार्सिनोजन बना सकता है जो शारीर में बने कोशिकाओं और DNA को नुकसान करता है
- धूम्रपान :- करने से कैंसर को बढ़ावा मिल जाता है यह भी कोशिकाओं और DNA को हानि पहुंचाता है इम्यूनिटी को भी कमजोर कर देता है। अर्थात जिस महिला को ब्रेस्ट कैंसर है। और वह महिला एक ऐसे एरिय, वातावरण में रहती है जहां पॉल्यूशन अधिक होता है तो यह भी शरीर में धूम्रपान कर देता है।
- वजन :- वजन बढ़ने से कई सारी समस्या हो सकती है सूजन और इन्फ्लेमेशन का निर्माण हो सकता है अगर यह ज्यादा समय तक रहती है तो कैंसर जैसी बीमारियों में बहुत बुरा असर होता है।। वजन बढ़ने से प्रतिरोधक की क्षमता कम हो जाती है जो कैंसर और हानिकारक बैक्टीरिया से लड़ने में सहायता करता है
- डाइट :- गलत खानपान शरीर को पूरा विटामिन और मिनरल नहीं दे पाते। जिससे कैंसर जैसी बीमारी को लड़ने के लिए कोशिकाएं नहीं मिल पाती। ज्यादा ऑयली, मसालेदार, कोल्ड ड्रिंक या ज्यादा मीठा यह शरीर को नुकसान कर देता है
शरीर में अगर विटामिन डी की कमी है ब्रेस्ट कैंसर को बढ़ावा दे सकता है
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महिलाओं में ब्रेस्ट कैंसर होने के लक्षण :- ब्रेस्ट में अत्यधिक लगातार दर्द होना। निप्पल का अंदर की तरफ मुड़ जाना। ब्रेस्ट का कलर लाल हो जाना। ब्रेस्ट की स्किन में गड्ढे पड़ जाना।
निष्कर्ष :- हमने आपको बताया महिलाओं में ब्रेस्ट कैंसर बढ़ने के क्या-क्या मुख्य कारण होते हैं जिस किसी को भी ब्रेस्ट कैंसर है वह इन चीजों को फॉलो करके कैंसर को थोड़ा काबू कर सकता है जिससे उस व्यक्ति को इतनी परेशानी नहीं होगी। ब्रेस्ट कैंसर का ऑपरेशन कराना समय से पहले ठीक होता है

